चम्पावत: जिलाधिकारी के निर्देशानुसार जनपद के दूरस्थ और ग्रामीण क्षेत्रों में पशुपालकों को उनके घर के निकट ही पशु चिकित्सा सेवाएं और विभागीय जानकारी उपलब्ध कराने के लिए विशेष पहल की जा रही है। इसी क्रम में पशुपालन विभाग, खेतीखान द्वारा ग्राम जोषूड़ा में एक दिवसीय पशु चिकित्सा एवं जागरूकता शिविर आयोजित किया गया।
शिविर की अध्यक्षता ग्राम प्रधान हेमलता बोहरा द्वारा की गई, जबकि कार्यक्रम का संचालन शैलेश गुप्ता ने किया। शिविर में उपस्थित पशुपालकों को पशुपालन से जुड़ी विभिन्न सरकारी योजनाओं, रोगों की रोकथाम और नियमित टीकाकरण के महत्व के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। विशेषज्ञों ने संतुलित आहार, डेयरी विकास और उन्नत पशुपालन तकनीकों के बारे में भी विस्तार से चर्चा की।
शिविर के माध्यम से पशुपालकों को वैज्ञानिक विधियों को अपनाने और पशुओं के स्वास्थ्य की नियमित जांच सुनिश्चित करने के लिए प्रेरित किया गया। अधिकारियों ने बताया कि समयबद्ध टीकाकरण और बेहतर रखरखाव से पशुधन की उत्पादकता में वृद्धि की जा सकती है, जिससे पशुपालकों की आय में सुधार संभव है।
शिविर में पहुंचे ग्रामीणों ने अपने पशुओं की स्वास्थ्य जांच कराई और विभागीय विशेषज्ञों से आवश्यक परामर्श प्राप्त किया। इस दौरान विभाग की ओर से स्वाति गुप्ता और फार्मासिस्ट कमल उप्रेती भी उपस्थित रहे।
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