चम्पावत – जनपद मुख्यालय स्थित एक निजी विद्यालय के निर्माणाधीन भवन में आज सहायक श्रमायुक्त सुनील तिवारी के नेतृत्व में किए गए विशेष निरीक्षण के दौरान एक 13 वर्षीय किशोर को अवैध रूप से निर्माण कार्य में संलग्न पाया गया।
सहायक श्रमायुक्त ने बताया, बाल श्रम (निषेध एवं विनियमन) अधिनियम, 1986 (वर्ष 2016 में संशोधित) की धारा 3A के अंतर्गत यह दंडनीय अपराध है साथ ही सहायक श्रमायुक्त तिवारी ने जानकारी देते हुए बताया कि किशोर श्रमिक को तत्काल रेस्क्यू कर सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया गया है तथा उसके संरक्षण एवं पुनर्वास की प्रक्रिया संबंधित विभागों के समन्वय से सुनिश्चित की जा रही है।
प्रकरण में संलिप्त ठेकेदार के विरुद्ध नियमानुसार सुसंगत धाराओं में विधिक कार्रवाई अमल में लाई जा रही है।
जिलाधिकारी मनीष कुमार ने जनपदवासियों से अपील की है कि बाल श्रम से संबंधित किसी भी प्रकार की सूचना प्राप्त होने पर उसे तत्काल श्रम विभाग अथवा जिला प्रशासन के संज्ञान में लाएं, ताकि त्वरित कार्रवाई करते हुए बच्चों के अधिकारों एवं सुरक्षा को सुनिश्चित किया जा सके।
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