पिथौरागढ़

पिथौरागढ़ में होगा पांच दिवसीय 'हिमालयन कार्निवाल', सांस्कृतिक विविधता का होगा संगम

गीता जोशी (संपादक)प्रकाशित: 3 सितंबर 2026 | 08:19 PM3

पिथौरागढ़ में होगा पांच दिवसीय 'हिमालयन कार्निवाल', सांस्कृतिक विविधता का होगा संगम

पिथौरागढ़, 03 सितंबर, 2026

पिथौरागढ़ जनपद में आगामी नवंबर/दिसंबर माह में पांच दिवसीय ‘हिमालयन कार्निवाल’ का आयोजन प्रस्तावित है। इस महत्वपूर्ण आयोजन की तैयारियों को लेकर आज जिलाधिकारी आशीष भटगांई की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट में एक विस्तृत बैठक आयोजित की गई। बैठक में कार्निवाल के आयोजन की रूपरेखा, नाम, लोगो, आयोजन स्थल और तिथियों सहित विभिन्न महत्वपूर्ण बिंदुओं पर गहन चर्चा की गई।

‘हिमालयन कार्निवाल’ का आयोजन स्थल और उद्देश्य

बैठक में यह प्रस्तावित किया गया कि पांच दिवसीय ‘हिमालयन कार्निवाल’ का आयोजन नगर के देव सिंह मैदान में किया जाएगा। इस कार्निवाल का मुख्य उद्देश्य जनपद की समृद्ध लोक संस्कृति, परंपराओं और कला को प्रदर्शित करना है। इसके साथ ही, विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन भी किया जाएगा, जिससे स्थानीय और विभिन्न क्षेत्र के कलाकारों एवं सांस्कृतिक दलों को अपनी प्रतिभा प्रस्तुत करने का एक मंच मिलेगा।

व्यापारिक गतिविधियों को बढ़ावा

कार्निवाल में स्थानीय उत्पादों एवं व्यापारिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न व्यापारिक एवं प्रदर्शनी स्टॉल लगाए जाने की भी योजना है। इससे स्थानीय उद्यमी और कारीगर अपने उत्पादों को प्रदर्शित कर सकेंगे और उनका विपणन कर सकेंगे। यह कदम जनपद की आर्थिक गतिविधियों को गति प्रदान करने में सहायक होगा।

जिलाधिकारी के निर्देश

जिलाधिकारी आशीष भटगांई ने इस आयोजन को जनपद की विशिष्ट लोक संस्कृति, परंपराओं, पर्यटन, स्थानीय उत्पादों एवं प्रतिभाओं को एक व्यापक मंच प्रदान करने वाले आयोजन के रूप में विकसित करने पर जोर दिया। उन्होंने आयोजन की तैयारियों के लिए संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। साथ ही, उन्होंने कार्यक्रम की रूपरेखा को आकर्षक और व्यवस्थित स्वरूप देने पर भी बल दिया, ताकि यह आयोजन सभी के लिए यादगार बन सके।

स्थानीय भागीदारी और राष्ट्रीय पहचान

बैठक में कार्निवाल की तिथि, आयोजन के नाम और लोगो सहित अन्य व्यवस्थाओं को अंतिम रूप देने को लेकर भी विचार-विमर्श किया गया। जिलाधिकारी ने इस बात पर विशेष बल दिया कि आयोजन में स्थानीय लोगों की अधिक से अधिक भागीदारी सुनिश्चित की जाए। उनका मानना है कि स्थानीय भागीदारी से ‘हिमालयन कार्निवाल’ जनपद की सांस्कृतिक पहचान को राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकेगा।

बैठक में उपस्थित अधिकारी

इस बैठक में मुख्य विकास अधिकारी डॉ. दीपक सैनी, प्रभागीय वनाधिकारी आदित्य रत्न, उप निदेशक पर्यटन अतुल भंडारी सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। सभी अधिकारियों ने ‘हिमालयन कार्निवाल’ के सफल आयोजन हेतु अपने-अपने विभागों से संबंधित तैयारियों पर चर्चा की और आवश्यक सहयोग का आश्वासन दिया।

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