पिथौरागढ़

गरीब कैदियों की मदद के लिए 'Support to Poor Prisoners Scheme' की पिथौरागढ़ में समीक्षा बैठक

गीता जोशी (संपादक)प्रकाशित: 6 अगस्त 2026 | 09:21 AM2

गरीब कैदियों की मदद के लिए 'Support to Poor Prisoners Scheme' की पिथौरागढ़ में समीक्षा बैठक

पिथौरागढ़, 6 अगस्त 2026

गरीब कैदियों के लिए आर्थिक योजना की समीक्षा

जिलाधिकारी आशीष भटगांई की अध्यक्षता में गत दिवस कलेक्ट्रेट में ‘Support to Poor Prisoners Scheme’ (गरीब कैदियों के लिए आर्थिक योजना) के अंतर्गत गठित सशक्त समिति की मासिक बैठक संपन्न हुई। इस बैठक में योजना के तहत पात्र बंदियों को समयबद्ध एवं प्रभावी विधिक सहायता उपलब्ध कराने के साथ-साथ योजना के क्रियान्वयन की गहन समीक्षा की गई। योजना का मुख्य उद्देश्य उन कैदियों की आर्थिक सहायता करना है जो अपनी सजा पूरी कर चुके हैं या जिन्हें जमानत मिल गई है, लेकिन वे रिहाई के लिए आवश्यक जुर्माना राशि भरने में असमर्थ हैं।

योजना की वर्तमान स्थिति

बैठक में समिति के समक्ष योजना के अंतर्गत जनपद की वर्तमान स्थिति का प्रस्तुतिकरण किया गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार, इस योजना से संबंधित वर्तमान में कोई भी प्रकरण लंबित नहीं है। यह इंगित करता है कि वर्तमान में योजना के दायरे में आने वाले ऐसे कोई मामले संज्ञान में नहीं हैं जिनमें तत्काल सहायता की आवश्यकता हो।

न्याय सुलभ कराने पर जोर

जिलाधिकारी आशीष भटगांई ने इस अवसर पर कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप प्रत्येक पात्र एवं आर्थिक रूप से कमजोर बंदी को न्याय प्राप्त करने हेतु आवश्यक विधिक सहायता समय पर उपलब्ध कराना सभी संबंधित विभागों की एक सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने संबंधित विभागों के अधिकारियों को इस दिशा में सक्रिय रहने के निर्देश दिए।

भविष्य की कार्यवाही हेतु निर्देश

जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि यदि भविष्य में इस योजना के अंतर्गत कोई भी पात्र प्रकरण प्राप्त होता है, तो उसका तत्काल परीक्षण किया जाए। परीक्षण उपरांत नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जानी चाहिए। उन्होंने यह भी निर्देशित किया कि सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय बनाए रखते हुए योजना के प्रभावी क्रियान्वयन पर विशेष ध्यान दें ताकि इसका लाभ जरूरतमंद बंदियों तक पहुँच सके।

नियमित समीक्षा और प्रतिवेदन

बैठक में योजना के दिशा-निर्देशों एवं मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) के अनुरूप नियमित समीक्षा करने पर भी बल दिया गया। यह भी तय किया गया कि प्रत्येक माह समिति की बैठक आयोजित की जाएगी और शासन को समयबद्ध रूप से आवश्यक प्रतिवेदन उपलब्ध कराया जाएगा। इस नियमित अंतराल पर होने वाली बैठकों से योजना की प्रगति का निरंतर मूल्यांकन संभव होगा और किसी भी समस्या का तुरंत समाधान किया जा सकेगा।

बैठक में सहभागिता

इस महत्वपूर्ण बैठक में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, जिला कारागार, पुलिस, अभियोजन एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारियों ने प्रतिभाग किया। सभी विभागों के अधिकारियों की उपस्थिति यह सुनिश्चित करती है कि इस योजना के क्रियान्वयन में सभी प्रमुख सरकारी तंत्र एक साथ मिलकर कार्य करेंगे।

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