बागेश्वर

बागेश्वर में स्थानीय उत्पादों को बेहतर बाजार दिलाने पर जोर, उत्पादकों को उचित मूल्य दिलाने के निर्देश

गीता जोशी (संपादक)प्रकाशित: 11 सितंबर 2026 | 01:34 PM6

बागेश्वर में स्थानीय उत्पादों को बेहतर बाजार दिलाने पर जोर, उत्पादकों को उचित मूल्य दिलाने के निर्देश

बागेश्वर, 10 सितंबर 2026

जनपद बागेश्वर में कृषि, उद्यान, पशुपालन, डेयरी एवं ग्रामोत्थान (REAP) परियोजना के माध्यम से तैयार किए जा रहे स्थानीय उत्पादों को बेहतर बाजार उपलब्ध कराने और उत्पादकों को उनके उत्पादों का उचित मूल्य दिलाने के उद्देश्य से गुरुवार को नवीन सभागार, विकास भवन में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक की अध्यक्षता मुख्य विकास अधिकारी ने की।

स्थानीय उत्पादों की वर्तमान स्थिति पर चर्चा

बैठक के दौरान, संबंधित विभागों ने स्थानीय उत्पादों की सोर्सिंग, संग्रहण, ग्रेडिंग, गुणवत्ता, पैकेजिंग, प्रोसेसिंग, ब्रांडिंग और विपणन की वर्तमान स्थिति के संबंध में विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की। इस चर्चा में स्थानीय उत्पादों को न केवल जनपद स्तर पर, बल्कि बाहरी बाजारों से जोड़ने की संभावनाओं और प्रभावी विपणन चैनल विकसित करने के तरीकों पर भी गहनता से विचार-विमर्श किया गया।

समेकित डेटाबेस तैयार करने के निर्देश

मुख्य विकास अधिकारी ने इस अवसर पर महत्वपूर्ण निर्देश जारी करते हुए कहा कि जनपद में उत्पादित एवं विपणन योग्य सभी स्थानीय उत्पादों का एक समेकित और अद्यतन डेटाबेस तैयार किया जाना अनिवार्य है। इस डेटाबेस में उत्पाद का नाम, उत्पादक समूह, उत्पादन की मात्रा, उपलब्धता की अवधि, गुणवत्ता मानक, पैकेजिंग की विधि, वर्तमान विपणन माध्यम और संभावित बाजारों से संबंधित आवश्यक जानकारी को शामिल किया जाना चाहिए।

गुणवत्ता और ब्रांडिंग पर विशेष ध्यान

उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि स्थानीय उत्पादों की बाजार क्षमता को बढ़ाने के लिए केवल उत्पादन पर ध्यान केंद्रित करना पर्याप्त नहीं है। इसके साथ ही, उत्पादों की गुणवत्ता, ग्रेडिंग, पैकेजिंग, प्रोसेसिंग और ब्रांडिंग पर भी विशेष रूप से ध्यान देने की आवश्यकता है। मुख्य विकास अधिकारी ने विभिन्न विभागों के प्रयासों को एकीकृत करते हुए क्लस्टर आधारित और समन्वित विपणन व्यवस्था विकसित करने के निर्देश दिए, ताकि संसाधनों का बेहतर उपयोग हो सके।

महिला स्वयं सहायता समूहों के उत्पादों की बाजार संभावनाओं पर चर्चा

बैठक में REAP परियोजना के अंतर्गत महिला स्वयं सहायता समूहों और सामुदायिक संगठनों द्वारा तैयार किए जा रहे उत्पादों की बाजार संभावनाओं पर भी विस्तृत चर्चा की गई। मुख्य विकास अधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को नए एवं संभावित बाजारों की पहचान करने तथा उत्पादकों को उनके उत्पादों का बेहतर मूल्य दिलाने के लिए एक ठोस और समयबद्ध कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए।

ग्रामीण रोजगार को बढ़ावा देने की रणनीति

उन्होंने कहा कि स्थानीय कृषि उत्पादों, प्राकृतिक संसाधनों और ग्रामीण उद्यमों को प्रभावी ढंग से बाजार से जोड़कर ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार और स्वरोजगार के अवसरों को महत्वपूर्ण रूप से बढ़ावा दिया जा सकता है। इसके लिए विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने और बाजार की मांग के अनुरूप उत्पादों के विकास पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है।

बैठक में उपस्थिति

इस महत्वपूर्ण बैठक में जिला विकास अधिकारी संगीता आर्या, परियोजना प्रबंधक मोहम्मद आरिफ, सहायक प्रबंधक बबीता जोशी सहित विभिन्न संबंधित विभागों के अधिकारी और प्रतिनिधि उपस्थित रहे।

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